होम इन्होंने UP की धरती पर उगाई अमेरिका-चीन की फसल, PM मोदी ने की खूब तारीफ
इन्होंने UP की धरती पर उगाई अमेरिका-चीन की फसल, PM मोदी ने की खूब तारीफ
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने नए साल में दूसरी बार अपने मन की बात कार्यक्रम में उत्तर प्रदेश के गौरव को देश भर में चार चांद लगा दिया। वह भी चिया सीड का जिक्र करके। चीन और अमेरिका में सुपर फूड मानी जानी वाली चिया सीड को रिटायर कर्नल हरिश्चंद्र ने बाराबंकी की धरती पर उगाया है। एक विदेशी फसल को बिना किसी सरकारी मदद के अपने संसाधनों के जरिए उगाए जाने को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने नोटिस किया। फिर प्रधानमंत्री ने मन की बात कार्यक्रम में चिया सीड की खेती का जिक्र कर हरिश्चंद की मेहनत को सम्मान दे दिया। पीएम मोदी ने कहा कि ये खेती ना सिर्फ हरिशचंद्र जी की आय बढ़ाएगी, बल्कि आत्मनिर्भर भारत में अपना योगदान भी देगी।
PM ने गुरबीन चावला की भी तारीफ की थी
ऐसा ही सम्मान प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने 31 जनवरी को मन की बात कार्यक्रम में शौर्य और संस्कार की तपती धरती झांसी में स्ट्रॉबेरी उगाने वाली लॉ की छात्रा गुरलीन चावला का जिक्र कर किया था। तब प्रधानमंत्री ने कहा था कि लॉ की छात्रा गुरलीन ने पहले अपने घर पर और फिर अपने खेत में स्ट्रॉबेरी की खेती का सफल प्रयोग कर ये विश्वास जगाया है कि झांसी में भी ये हो सकता है। जो स्ट्रॉबेरी, कभी, पहाड़ों की पहचान थी, वो अब, कच्छ की रेतीली जमीन पर भी होने लगी है, किसानों की आय बढ़ रही है। प्रधानमंत्री की इस सराहना से गुरलीन चावला आज देशभर में फेमस हुई। सोशल मीडिया पर गुरलीन के प्रयास खूब तारीफ हुई थी।
मेहनत को सही मायने में सम्मान मिला: हरिश्चंद्र
अब हरिश्चंद्र के प्रयास को सोशल मीडिया जमकर जगह मिल रही है। सेना से आर्टिलरी कर्नल के पद से वर्ष 2015 में रिटायर होने वाले और वर्तमान में सुल्तानपुर के जिला सैनिक कल्याण अधिकारी हरिश्चंद्र इसके लिए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का आभार जताते हैं। वह कहते हैं कि हमारी खेती की सूचना देश के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी तक पहुंच गई, इससे बड़ी बात मेरे लिए क्या हो सकती है। प्रधानमंत्री जी के मन की बात कार्यक्रम में जिक्र होना सम्मान की बात है। और आज मुझे यह सम्मान मिल गया है। हरिश्चंद्र के इस कथन में दम है। उनकी मेहनत को सही मायने में आज सम्मान मिला है। वह बताते हैं कि सेना से आर्टिलरी कर्नल के पद से वर्ष 2015 में रिटायर होने के बाद मैंने तीन एकड़ जमीन बाराबंकी की हैदरगढ़ तहसील के सिद्धौर ब्लाक के अमसेरुवा गांव में खरीदी। इस भूमि पर हरिश्चंद्र ने ड्रैगनफूड, ग्रीन एप्पल, रेड एप्पल बेर, काला गेंहू और कई प्रजाति के आलू की खेती करना शुरु किया। और बीते साल नवंबर में पहली बार आधा एकड़ भूमि में चिया सीडी की खेती की।
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