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समाचारराजनीतिप्रादेशिकीउत्तर-प्रदेश Alert Star Digital Team Apr 8, 2026 06:57 PM

US-Iran Ceasefire पर सियासत तेज, अखिलेश यादव ने विदेश नीति को लेकर केंद्र सरकार पर साधा निशाना

अमेरिका और ईरान के बीच जारी तनाव और युद्धविराम (सीजफायर) की घोषणा के बाद भारत की राजनीति भी गरमा गई है। समाजवादी पार्टी प्रमुख अखिलेश यादव ने कानपुर में बयान देते हुए केंद्र की बीजेपी सरकार की विदेश नीति पर सवाल उठाए..

US-Iran Ceasefire पर सियासत तेज, अखिलेश यादव ने विदेश नीति को लेकर केंद्र सरकार पर साधा निशाना

अमेरिका और ईरान के बीच जारी तनाव और युद्धविराम (सीजफायर) की घोषणा के बाद भारत की राजनीति भी गरमा गई है। समाजवादी पार्टी प्रमुख अखिलेश यादव ने कानपुर में बयान देते हुए केंद्र की बीजेपी सरकार की विदेश नीति पर सवाल उठाए और कहा कि भारत वैश्विक स्तर पर अपनी संभावित भूमिका निभाने में पीछे रह गया।

अखिलेश यादव ने कहा, “एक समय लग रहा था कि भारत विश्वगुरु बनेगा, लेकिन आज पाकिस्तान अंतरराष्ट्रीय स्तर पर अपने संबंध मजबूत करता दिखाई दे रहा है, जबकि भारत विदेश नीति में कमजोर नजर आ रहा है।”

‘भारत मौका गंवा बैठा’ — अखिलेश यादव

सपा प्रमुख ने कहा कि यदि भारत अमेरिका-ईरान युद्ध को रोकने में अहम भूमिका निभाता, तो दुनिया में उसकी स्थिति और मजबूत होती। उन्होंने आरोप लगाया कि केंद्र सरकार की नीतियों के कारण भारत वैश्विक नेतृत्व का अवसर खो बैठा।

उन्होंने महंगाई को भी मुद्दा बनाते हुए कहा, “आज हर चीज महंगी हो रही है। एलपीजी गैस आम लोगों की पहुंच से बाहर होती जा रही है। सिलेंडर का वजन कम निकलता है और खाद की बोरी में भी चोरी जैसी स्थिति है।”

विपक्ष का सरकार पर हमला जारी

अमेरिका-ईरान संघर्ष में पाकिस्तान की कथित भूमिका को लेकर विपक्षी दल लगातार केंद्र सरकार को घेर रहे हैं। विपक्ष का आरोप है कि अंतरराष्ट्रीय कूटनीति में भारत की सक्रियता पहले जैसी प्रभावी नहीं दिख रही।

40वें दिन हुआ सीजफायर, दोनों देश बता रहे अपनी जीत

करीब 40 दिनों तक चले तनाव के बाद अमेरिका और ईरान के बीच दो सप्ताह के लिए युद्धविराम लागू किया गया है। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने इसे अपनी कूटनीतिक जीत बताया है, जबकि ईरान भी इसे अपनी शर्तों पर हासिल सफलता के रूप में पेश कर रहा है। हालांकि ईरान ने स्पष्ट किया है कि सीजफायर का अर्थ युद्ध पूरी तरह समाप्त होना नहीं है।

दो हफ्तों के लिए खुलेगा होर्मुज जलडमरूमध्य

ईरान के विदेश मंत्री अब्बास अराघची ने घोषणा की कि देश अपनी शर्तों पर दो सप्ताह के लिए स्ट्रेट ऑफ होर्मुज को खोलेगा। यह मार्ग वैश्विक तेल आपूर्ति के लिए बेहद महत्वपूर्ण माना जाता है। वहीं राष्ट्रपति ट्रंप ने चेतावनी दी है कि यदि समझौता सफल नहीं हुआ तो संघर्ष फिर से शुरू हो सकता है।

10 अप्रैल को पाकिस्तान में प्रस्तावित वार्ता

सीजफायर के बाद अगला कूटनीतिक कदम उठाते हुए 10 अप्रैल को पाकिस्तान में अमेरिका और ईरान के बीच वार्ता प्रस्तावित है। जानकारी के अनुसार, इस बातचीत में ईरानी संसद के स्पीकर और अमेरिकी उपराष्ट्रपति जेडी वेंस प्रतिनिधित्व करेंगे। चीन की मध्यस्थता को भी इस युद्धविराम में महत्वपूर्ण माना जा रहा है।

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