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वाराणसी के विकास के लिए पीएम मोदी ने किया 22 परियोजनाओं का शिलान्यास और लोकार्पण
एक बार फिर से प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने अपने संसदीय क्षेत्र वाराणसी में खुशियों की लहर ला दी है। आज 23 दिसंबर को पीएम ने लगभग 2100 करोड़ की सौगात नगरवासियों को प्रदान की है। प्रधानमंत्री इस कार्यक्रम के दौरान लगभग ढाई से तीन घंटा वाराणसी में उपस्थित रहे। इसके पूर्व ही परियोजनाओं के लोकार्पण, शिलान्यास समेत अन्य कार्यक्रम को भी फाइनल कर दिया गया था। अब इन योजनाओं से वाराणसी में कई नागरिक सुविधाएं जनता को प्राप्त हो सकेंगी। इसके साथ ही पीएम मोदी ने करखियांव में जनसभा को संबोधित करने से पहले करीब 475 करोड़ की बनास काशी संकुल परियोजना की नींव रखी। इस अमूल प्लांट की नींव रखने से किसानों संग क्षेत्र का विकास एवं रोजगार मिलना संभव हो गया है।इसी क्रम में उन्होंने 1.70 लाख दुग्ध उत्पादकों को 35.2 करोड़ रुपये का बोनस आनलाइन ट्रांसफर किया। इसके साथ ही आनलाइन अन्य परियोजनाओं का लोकार्पण और शिलान्यास किया। साथ ही मंच पर अपने हाथ से वाराणसी के छह परिवारों को घरौनी का भी प्रमाण पत्र प्रदान किया। इसमें वाराणसी के तीनों तहसील यानी सदर, पिंडरा व राजातालाब के दो-दो परिवार शामिल रहे। इसके बाद उत्तर प्रदेश के 20 लाख परिवारों को आनलाइन घरौनी यानी खतौनी भी जारी किया गया। इसमें 35 हजार परिवार वाराणसी जिले के शामिल रहे। इसके अलावा प्रधानमंत्री ने लगभग 870.16 करोड़ की लागत से निर्मित 22 परियोजनाओं को जनता को सौंपा।इसके साथ ही 1225.51 करोड़ की परियोजनाओं की नींव भी रखी। इस तरह काशी को प्रधानमंत्री 2095.67 करोड़ की सौगात दी है। ये परियोजनाएं काशी के विकास को और भी गति देंगी। इसके साथ पीएम मोदी ने इन सभी परियोजनाओं का शिलान्यास किया, जिसमें बनास काशी संकुल (अमूल प्लांट) -करखियांव - 475 करोड़ की नींव रखी, इससे जिले के किसानों को भी लाभ मिलेगा। मोहनसराय दीनदयाल चकिया मार्ग (लंबाई 11 किमी) के मध्य सर्विस लेन के साथ सिक्स लेन कार्य - 412.53 करोड़ से निर्माण। वाराणसी -भदोही-गोपीगंज मार्ग (एसएच-87) भी फोर लेन ( 8.6 किलोमीटर) मार्ग का चौड़ीकरण व सुदृढ़ीकरण- 269 .10 करोड़ से निर्माण। दुग्ध उत्पादक सहकारी संघ लिमिटेड संयत्र, रामनगर बायो गैस पावर उत्पादन केंद्र -19 करोड़ रुपये से निर्माण, आदि शामिल है।
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