होम मोदी-योगी सीट देते हैं, हम जीत दिलाते हैं, गोरखपुर में संजय निषाद का शक्ति प्रदर्शन, 2027 चुनाव से पहले बड़ा संदेश
उत्तर प्रदेश की राजनीति में 2027 विधानसभा चुनाव से पहले हलचल तेज हो गई है। इसी कड़ी में निषाद पार्टी (निर्बल शोषण इंडिया हमारा आम दल) ने गोरखपुर में महाराजा गुह्यराज निषाद की जयंती के अवसर पर बड़ा शक्ति प्रदर्शन किया।
उत्तर प्रदेश की राजनीति में 2027 विधानसभा चुनाव से पहले हलचल तेज हो गई है। इसी कड़ी में निषाद पार्टी (निर्बल शोषण इंडिया हमारा आम दल) ने गोरखपुर में महाराजा गुह्यराज निषाद की जयंती के अवसर पर बड़ा शक्ति प्रदर्शन किया। गोरक्ष प्रांत के प्रांतीय अधिवेशन और मछुआ समाज को अनुसूचित जाति आरक्षण देने की मांग को लेकर विशाल बाइक रैली निकाली गई।
रविवार 22 मार्च को गोरखपुर के रामगढ़ताल स्थित दिग्विजयनाथ पार्क में निषाद पार्टी का स्थापना दिवस भी मनाया गया। इससे पहले पादरी बाजार स्थित राष्ट्रीय कार्यालय से हजारों कार्यकर्ताओं की मौजूदगी में बाइक रैली निकाली गई, जिसमें पार्टी ने अपनी राजनीतिक ताकत का प्रदर्शन किया।
कार्यक्रम के दौरान उत्तर प्रदेश सरकार के कैबिनेट मंत्री और निषाद पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष डॉ. संजय कुमार निषाद ने आगामी विधानसभा चुनाव को लेकर बड़ा दावा किया। उन्होंने कहा, "मोदी-योगी सीट देते हैं और हम जीत देते हैं." उनके इस बयान को 2027 चुनाव से पहले राजनीतिक संदेश के रूप में देखा जा रहा है।
सभा को संबोधित करते हुए संजय निषाद ने कहा कि यह रैली निषाद समाज के अधिकारों की लड़ाई का प्रतीक है। उन्होंने कहा कि समाज के लोग वर्ष 2013 से अपने अधिकारों के लिए संघर्ष कर रहे हैं और अब उन्हें उनका हक दिलाने का समय आ गया है। उन्होंने चार प्रमुख मांगों का जिक्र करते हुए तालघाट वापस देने, आरक्षण मुद्दे का समाधान, शिक्षा का अधिकार और सामाजिक न्याय सुनिश्चित करने की बात कही।
संजय निषाद ने कहा, "आज की रैली कार्यकर्ताओं की शक्ति है. यह रैली नहीं रैला है." उन्होंने कहा कि समाज अब अपने हक, हिस्से और अधिकार के लिए सड़क पर उतर चुका है और लंबे आंदोलन के बाद अधिकार प्राप्त करने का समय आ गया है। साथ ही उन्होंने आरोप लगाया कि समाजवादी पार्टी के लोग निषाद समाज को गुमराह करते रहे हैं।
सभा में संजय निषाद ने विपक्षी दलों पर भी निशाना साधा। उन्होंने कहा, "सपा-बसपा के लोग 30 साल से खा रहे हैं और कांग्रेस खिला रही है." उन्होंने आरोप लगाया कि बसपा सरकार ने समाज की रोजी-रोटी छीनी जबकि सपा ने शिक्षा से वंचित किया।
उन्होंने यह भी कहा कि निषाद समाज को पिछड़ी जाति से अनुसूचित जाति में शामिल किया जाना चाहिए और संविधान के अनुसार उनका अधिकार सुनिश्चित किया जाना चाहिए। संजय निषाद ने कहा कि जब अन्य राज्यों में निषाद समुदाय को अनुसूचित जाति का दर्जा मिल सकता है, तो उत्तर प्रदेश में भी यह लागू होना चाहिए।
संजय निषाद ने कहा कि समाज की सभी उपजातियां अब एकजुट हो चुकी हैं और राजनीतिक भागीदारी बढ़ाने का समय आ गया है। उन्होंने भाजपा से भी निषाद समाज को उनका उचित हिस्सा देने की मांग की और कहा कि समाज को विधायक और सांसद स्तर पर पर्याप्त प्रतिनिधित्व मिलना चाहिए।
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