होम खेल मंत्री का भार संभालते ही अनुराग ठाकुर ने जाहिर किए अपने इरादे,
खेल मंत्री का भार संभालते ही अनुराग ठाकुर ने जाहिर किए अपने इरादे,
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के कैबिनेट में बुधवार को कुछ बदलाव किए गए। इसमें किरण रिजिजू को प्रमोशन देकर कैबिनेट में शामिल किया गया। वहीं कैबिनेट में मंत्री रह चुके और रणजी क्रिकेट खेल चुके पूर्व बीसीसीआइ के उपाध्यक्ष अनुराग ठाकुर को खेल मंत्री बनाया गया। इस पदभार को संभालने के बाद उन्होंने कहा कि किरण द्वारा किए गए अच्छे कामों को वह आगे बढ़ाने का इरादा लेकर यहां आए हैं।
टोक्यो ओलंपिक से दो सप्ताह पहले गुरुवार को यहां नए खेल मंत्री का पदभार संभालने वाले अनुराग ठाकुर ने कहा कि सभी खेल महासंघों, राज्यों और संबंधित पक्षों को साथ लेकर वह एक टीम के रूप में भारत को खेलों में और आगे ले जाने का प्रयास करेंगे। ठाकुर ने कहा, 'हम सारी टीम के साथ मिलकर देशभर में खेलों को बढ़ाने का काम करेंगे। राज्यों, खेल संस्थाओं, खेल संघों और महासंघों को साथ में लेकर हरसंभव प्रयास करेंगे।'
मणिशंकर अय्यर (2006-2008) के बाद ठाकुर पहले कैबिनेट मंत्री हैं, जिन्हें खेल मंत्रालय की जिम्मेदारी सौंपी गई है। नीतीश प्रमाणिक को खेल मंत्रालय में राज्यमंत्री बनाया गया है। ठाकुर के पास सूचना एवं प्रसारण मंत्रालय का भी जिम्मा है।
ठाकुर ने कहा, 'मैं आभारी हूं प्रधानमंत्री का, जिन्होंने मेरे ऊपर युवाओं और खेलों को लेकर एक नई जिम्मेदारी दी है। खेलों के प्रति उनका प्यार और भारत को खेलों में आगे बढ़ाने के लिए जो उन्होंने लगातार मुहिम चलाई है, मैं प्रयास करूंगा कि किरण (पूर्व खेल मंत्री किरण रिजिजू) उसे जहां तक लेकर गए, मैं उसे आगे बढ़ा सकूं।'
ठाकुर का खेलों से पुराना रिश्ता है। उन्होंने हिमाचल प्रदेश की तरफ से एक रणजी ट्राफी मैच खेला था तथा वह मई 2016 से फरवरी 2017 तक भारतीय क्रिकेट बोर्ड (बीसीसीआइ) के अध्यक्ष भी रहे थे।इससे पहले वह बीसीसीआइ के सचिव तथा हिमाचल प्रदेश क्रिकेट संघ (एचपीसीए) के अध्यक्ष थे। उनके भाई अरुण धूमल अभी बीसीसीआइ के कोषाध्यक्ष हैं। ठाकुर हिमाचल प्रदेश में हमीरपुर लोकसभा क्षेत्र से सांसद हैं। वह इससे पहले वित्त एवं कारपोरेट मामलों के राज्यमंत्री थे।
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