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राणा कपूर पर CBI ने दर्ज किया केस,ED ने बेटी को लंदन जाने से रोका
सीबीआई ने राणा कपूर के खिलाफ धोखाधड़ी और भ्रष्टाचार का केस दर्ज किया है. इससे पहले Yes बैंक के फाउंडर और पूर्व एमडी राणा कपूर की बेटी रोशनी कपूर को मुंबई एयरपोर्ट पर रोका गया.
वो ब्रिटिश एयरवेज से लंदन जा रही थीं. इससे पहले राणा कपूर के पूरे परिवार के लिए ED ने लुकआउट नोटिस जारी किया था. इसका मतलब है कि राणा कपूर और उनकी पत्नी बिंदू कपूर, बेटी राखी कपूर टंडन, राधा कपूर और रोशनी कपूर पर शिकंजा कसता जा रहा है.
बता दें कि यस बैंक के प्रोमोटर राणा कपूर को ईडी ने गिरफ्तार करने के बाद रविवार को मुंबई के एक स्पेशल कोर्ट में पेश किया. सुनवाई के दौरान ईडी की ओर से दलीलें दे रहे वकील ने बताया कि यस बैंक ने राणा कपूर की बेटी के फर्म को 600 करोड़ रुपए का लोन दिया था.
कोर्ट में ईडी के वकील ने क्या कहा
रविवार तड़के 3 बजे के करीब गिरफ्तार किए जाने के बाद राणा कपूर को आज मुंबई के स्पेशल कोर्ट में पेश किया गया. सुनवाई के दौरान ईडी के वकील ने कोर्ट में कहा कि दीवान हाउसिंग फाइनेंस लिमिटेड (डीएचएफएल) की ओर से कर्ज के लिए दोयम दर्जे की प्रॉपर्टी गिरवी रखे गए थे. ईडी ने वकील ने ये भी बताया कि राणा कपूर की बेटी की फर्म DOIT अर्बन वेंचर्स को 600 करोड़ रुपये का कर्ज दिया गया. वकील ने अदालत से कहा, "हमें इस अपराध से हुए फायदों का पता लगाना होगा और हमें यह पता लगाना होगा कि पैसा कहां गया."
वकील ने बताया कि डीएचएफएल एक ट्रिपल ए रेटेड एनबीएफसी (गैर बैंकिंग वित्तीय कंपनी) थी, इसलिए यस बैंक ने 3700 करोड़ रुपये के डिबेंचर (ऋण पत्र) खरीदे. वकील ने बताया कि DHFL द्वारा DOIT को 600 करोड़ का लोन दिया गया था और 600 करोड़ रुपए के लोन के मुकाबले जमानत के तौर पर केवल 40 करोड़ रुपए दिए गए. वकील ने कोर्ट को बताया कि कपिल वधावन और राणा कपूर ने जनता के पैसे को ठगने की पूरी साजिश रची और राणा कपूर ने अरेस्ट मेमो पर साइन करने से भी इनकार कर दिया था.
ईडी जांच के दायरे के तहत कुल पैसा 4300 करोड़ रुपये है, जिसमें यस बैंक द्वारा खरीदे गए डीएचएफएल के 3700 करोड़ रुपए के डिबेंचर और डीएचएफएल द्वारा डीओआईटी को दिए गए 600 करोड़ रुपए शामिल हैं.
कोर्ट में बचाव पक्ष के वकील ने कहा कि एजेंसी राणा कपूर को निशाना बना रही है और कपूर सभी दस्तावेज पेश करने के लिए तैयार हैं.
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