होम UP में तीसरी बार सरकार बनने पर भी युवाओं को मिलेंगे नियुक्ति पत्र! CM योगी का बड़ा दावा, पुराने दिनों को याद कर बताई प्रदेश की हालत
उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने राज्य में तीसरी बार सरकार बनाने का भरोसा जताते हुए युवाओं को लेकर बड़ा बयान दिया है।
उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने राज्य में तीसरी बार सरकार बनाने का भरोसा जताते हुए युवाओं को लेकर बड़ा बयान दिया है। लखनऊ में एक कार्यक्रम को संबोधित करते हुए उन्होंने कहा कि सरकार कुछ नियुक्ति पत्रों के वितरण को फिलहाल रोककर रखेगी, ताकि तीसरी बार सत्ता में आने पर भी युवाओं को नियुक्ति पत्र बांटने का कार्यक्रम आगे बढ़ाया जा सके। इस दौरान सीएम योगी ने पिछली सरकारों के कार्यकाल में प्रदेश की कानून-व्यवस्था और भर्ती प्रक्रिया की स्थिति का भी जिक्र किया।
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि कुछ नियुक्ति पत्र हम लोग रोकेंगे। जब तीसरी बार आएंगे, तो तीसरी बार भी कुछ नौजवानों के लिए नियुक्ति पत्र वितरण के कार्यक्रम को आगे बढ़ाएंगे। उनके इस बयान को प्रदेश में रोजगार और सरकारी भर्तियों को लेकर सरकार के अगले कार्यकाल की तैयारियों से जोड़कर देखा जा रहा है।
सीएम योगी ने कहा कि करीब नौ से दस साल पहले उत्तर प्रदेश ने देश में अपनी पहचान खो दी थी। उस समय प्रदेश का नाम सुनते ही लोग चौंक जाते थे और यहां आने से भी कतराते थे। उन्होंने आरोप लगाया कि उस दौर में सरकारी भर्तियां लगभग बंद थीं और जब भर्ती प्रक्रिया शुरू होती थी, तब उसमें बड़े पैमाने पर गड़बड़ियां देखने को मिलती थीं।
मुख्यमंत्री के मुताबिक, उस समय आवेदन कोई दूसरा व्यक्ति करता था, परीक्षा कोई और देता था और नियुक्ति पत्र किसी तीसरे व्यक्ति को मिल जाता था। यहां तक कि जिन लोगों ने आवेदन भी नहीं किया था, उन्हें भी नौकरी मिल जाती थी। उन्होंने इसे प्रदेश में व्याप्त अराजकता का उदाहरण बताया।
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा, "यह अराजकता की पराकाष्ठा थी. नतीजा क्या हुआ? उत्तर प्रदेश पूरी तरह से अव्यवस्था और अशांति का केंद्र बन गया. कर्फ्यू और दंगे राज्य की नियति बन गए थे... भारत का सबसे अधिक आबादी वाला राज्य, जहां सबसे युवा कार्यबल (वर्कफोर्स) मौजूद है, उसकी हालत बेहद दयनीय हो गई थी."
उन्होंने आगे कहा कि करीब 9, साढ़े 9 और 10 साल पहले उत्तर प्रदेश देश में अपनी पहचान खो चुका था। प्रदेश का नाम सुनकर लोग घबराते थे और 'अरे, यूपी!' कहकर प्रतिक्रिया देते थे। सीएम योगी ने कार्यक्रम में मौजूद युवाओं को संबोधित करते हुए कहा कि उनमें से कई को नौ-दस साल पहले प्रदेश के बाहर जाने का अवसर मिला होगा और उन्होंने उस समय की परिस्थितियों को महसूस किया होगा।
सीएम योगी ने पुराने दिनों का एक और उदाहरण देते हुए कहा "यूपी का कोई नौजवान अगर कहीं गलती से काम तो पहले तो लोग उसकी मेहनत, उसके परिश्रम, उसकी प्रतिभा को देखकर के उसको किराए पर कमरा दे देते थे, लेकिन जब यूपी का नाम आता था, तो उससे कहते थे, भैया, आप खाली कर देते तो ठीक रहता."
मुख्यमंत्री के इस बयान के जरिए पिछली सरकारों के समय प्रदेश के युवाओं को दूसरे राज्यों में होने वाली कथित परेशानियों और उत्तर प्रदेश की छवि का मुद्दा उठाया गया। उन्होंने मौजूदा दौर की तुलना करते हुए भर्ती प्रक्रिया और कानून-व्यवस्था में बदलाव को भी रेखांकित किया।
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