होम शाहजहांपुर:आन लाईन ठगी का अनोखा तरीका, पुलिस ने पांच लोगो को किया गिरफ्तार
जनसेवा केन्द्र की आड मे ऑनलाइन नौकरी देने का फर्जी कॉल सेन्टर चला रहे थे
शाहजहांपुर।(Nandlal Singh)साइबर क्राइम सैल और थाना कांट पुलिस द्वारा नौकरी देने के नाम पर ऑनलाइन ठगी करने वाले गिरोह का पर्दाफाश किया है।जनसेवा केन्द्र की आड मे ऑनलाइन नौकरी देने का फर्जी कॉल सेन्टर चला रहे थे।
पुलिस ने मौके पर 5 अभियुक्तों को गिरफ्तार किया है।ऑनलाइन ठगी करने के उपकरण लैपटॉप,मोबाइल, 253 सिम कार्ड, स्कैनर बरामद ।बरामदगी के आधार पर पांचों आरोपियों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर लिया गया है।
शाहजहांपुर पुलिस को पिछले कई दिनों से ऑनलाइन नौकरी देने के नाम पर नामी कम्पनियों के फर्जी ज्वाइनिंग/ऑफर लेटर आदि भेजकर रूपये विभिन्न खातों मे ऑनलाइन रूपये ट्रांसफर कराकर रूपयों की ठगी करने की सूचनायें प्राप्त हो रही थी ।पुलिस अधीक्षक शाहजहांपुर के निर्देश पर साइबर सेल और सर्विलांस के नेतृत्व काट थाना पुलिस को जल्द आन लाईन ठगी मामले का खुलासा करने पर लगाया गया।साइबर/सर्विलान्स एवं थाना कांट पुलिस टीम द्वारा किये गये साक्ष्य संकलन एवं मोबाइल लोकेशन के आधार पर संयुक्त टीम ने मुखबिर की सूचना पर कांट थाना क्षेत्र के ग्राम बरेण्डा तिराहे पर स्थित जनसेवा केन्द्र से बृजेश मौर्य,नीरज,मो0 रफी, गुड्डू मौर्य और हर्षित सहित पांच लोगो को गिरफ्तार कर लिया। पुलिस ने इनके पास से ऑनलाइन ठगी करने के उपकरणों 4 लैपटॉप, 10 मोबाइल फोन, 4 फिंगर प्रीटर स्कैनर, 1 हार्डडिस्क, 1 स्कैनर, 14 आधार कार्ड, 09 ई श्रम कार्ड व 253 सिम कार्ड और 575 रूपये बरामद किए है।
पुलिस की पूछताछ करने पर आरोपियों ने बताया कि साहब हमारे पास MONSTERINDIA.COM की PAID EMPLOYER PROFILE है जिसकी हमारे पास लॉगइन आईडी है। हम सभी लोग इस लॉग इन आईडी पर लॉग इन करके लोगो द्वारा नौकरी की तलाश में अपलोड की गयी प्रोफाल्स को लोकेशन, जॉब प्रोफाइल तथा अन्य फिल्टर लगाकर सर्च करके डाउनलोड कर लेते है। जिससे की उनका बायोडाटा नाम, मोबाइल नंबर, ई-मेल इत्यादि हमको प्राप्त हो जाता है। हम लोग एक बार में बहुत सारी प्रोफाइल सेव करके बारी बारी ऑनलाइन नौकरी की तलाश कर रहे लोगो को बारी बारी अलग अलग लोगो को फोन करते है और बताते है की हम NAUKRI.COM से बोल रहे है और आपकी प्रोफाइल एक नामी कंम्पनी के लिये SHORTLIST हो गयी है और उसको अपनी बातो में उलझाकर INTERVIEW लेने के बहाने अन्य नंबरो से फोन करके उनको पूरी चयन प्रक्रिया से गुजारते थे ताकि उसको शक न हो कि उसके साथ धोखाधडी हो रही है इसके बाद हमारे लैपटॉप और मोबाइल में पहले से सेव विभिन्न नामी कंम्पनियो के नाम से बनाये गये ऑफर लैटर को EDIT करके उनको NAUKRI.COM के नाम से मिलती जुलती ई-मेल आईडी से ई-मेल भेजते थे । इस प्रक्रिया के दौरान हम इन लोगो से रजिस्ट्रेशन, पुलिस वैरीफिकेशन, लैपटॉप सिक्योरिटी तथा सैलरी अकाउंट खोलने के बहाने विभिन्न पेटीएम अकाउंट, गुगल पे अकाउंट, बैंक अकाउंट तथा जन सुविधा केन्द्र के बैंक खाते में ऑनलाइन पैसे ट्रांसफर करवा लेते है तथा पैसा मिलने के बाद हम लोग बात करने वाले सिम को बंद कर देते हैै। हम जन सुविधा केन्द्र भी चलाते है इसलिये हमारे पास और लोगो का आना जाना लगा रहता है हमारी दुकान पर आने वाले लोगो को बेवकूफ बनाकर उनका फिंगर प्रींट स्कैन करा लेते है तथा उनके आधार कार्ड स्कैनर की मदद से कॉपी कर लेते है ।या ग्राहक को भरोसे में लेकर उसका आधार कार्ड अपने पास ही रख लेते है और उनकी बिना जानकारी के उनकी आईडी पर हम अकसर नये सिम चालू कर लेते है हमारे पास से जो सिम बरामद हुये है वो blank sim है व जब हम चाहते है तो इन्हे अन्य लोगो की आईडी पर एक्टिव कर लेते है । गिरोह का सरगना नीरज मौर्य पूर्व मे दिल्ली मे लॉकडाउन से पूर्व इसी तरह एक फर्जी कॉल सेन्टर मे काम करता था ।तथा वही इस तरह का अपराध करने का तरीका सीखा व लॉकडाउन के बाद यहां आकर अपना गिरोह बनाया तथा अपराध कारित करने लगा । जानकारी करने पर ज्यादातर ठगी अन्य राज्यों गुजरात, महाराष्ट्र, मध्यप्रदेश, बिहार , हरियाणा तथा पंजाब आदि के व्यक्तियों के साथ की है । इनका टारगेट हिंदी भाषी प्रदेशों से नौकरी की ऑनलाइन तलाश करने वाले लोग होते थे । नेशनल साइबर क्राइम रिपोर्टिग पोर्टल पर चेक करने पर इनके द्वारा की गयी फोनकाल के नम्बर का सम्बन्ध इस गिरोह से पायाा गया है । इनके द्वारा ऑनलाइन पैसा ठगी की तरह इस्तेमाल किये गये विभिन्न पेटीएम अकाउंट, गुगल पे अकाउंट, बैंक अकाउंट तथा जन सुविधा केन्द्र के बैंक ने बताया ¹ की जांच की जा रही है तथा अन्य प्रदेशों के अधिकारिगण से सम्पर्क कर उनके प्रदेश मे इस गिरोह द्वारा ठगी का शिकार हुए पीडितों की जानकारी जुटाई जा रही है । अभी तक की जांच मे जानकारी मिली है कि गिरोह द्वारा विभिन्न प्रदेशो के भोलेभाले लोगों से करीब 16 लाख रूपयों की ठगी की जा चुकी है । पुलिस इसे बड़ी कमियावबी मान रही है। फिलाल
पुलिस ने सभी के खिलाफ विधिक कार्यवाही करते हुए कांट थाना में मुकदमा दर्ज कर लिया है।
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