होम सपा सरकार बनी तो महिलाओं को मिलेंगे ₹40 हजार, जातीय जनगणना और महाराजा खंगार की प्रतिमा पर भी बड़ा वादा
समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव ने रविवार को खंगार समाज के लोगों से मुलाकात के बाद प्रेस वार्ता की। इस दौरान उन्होंने एक बार फिर सपा सरकार बनने पर महिलाओं को 40 हजार रुपये देने के अपने वादे को दोहराया।
समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव ने रविवार को खंगार समाज के लोगों से मुलाकात के बाद प्रेस वार्ता की। इस दौरान उन्होंने एक बार फिर सपा सरकार बनने पर महिलाओं को 40 हजार रुपये देने के अपने वादे को दोहराया। अखिलेश यादव ने कहा कि उनकी सरकार बनने पर महिलाओं को 40 हजार रुपये दिए जाएंगे। उन्होंने दावा किया कि पिछले 10 वर्षों में महिलाओं को कुछ नहीं मिला, इसलिए सपा सरकार ब्याज के तौर पर उन्हें 40 हजार रुपये देगी। इसके साथ ही कन्या विद्या धन और अन्य राहत योजनाएं भी शुरू करने की बात कही।
अखिलेश यादव ने अर्कवंशी और खंगार समाज की लंबे समय से हो रही उपेक्षा का मुद्दा भी उठाया। उन्होंने कहा कि सपा की सरकार बनने के तीन महीने के भीतर जातीय जनगणना कराई जाएगी। इसके आधार पर आबादी के अनुपात में समाज को उसका अधिकार और प्रतिनिधित्व दिलाने का दावा किया गया।
उन्होंने लखनऊ की किसी प्रतिष्ठित जगह पर महाराजा खंगार की प्रतिमा स्थापित करने की भी बात कही। अखिलेश यादव के मुताबिक यह प्रतिमा अष्टधातु से बनाई जाएगी। उन्होंने आरोप लगाया कि बीजेपी सरकार के कार्यकाल में महाराजा खेर सिंह खंगार की प्रतिमा लगाई गई थी, लेकिन भ्रष्टाचार के चलते वह टूट गई। उन्होंने कहा कि अर्कवंशी और खंगार समाज के लोगों के साथ धोखा हुआ है और सपा की सरकार बनने पर समाज को सरकार में प्रतिनिधित्व दिया जाएगा।
प्रेस वार्ता के दौरान अखिलेश यादव ने प्रदेश में एक्सप्रेसवे और सड़कों की गुणवत्ता को लेकर बीजेपी सरकार पर निशाना साधा। उन्होंने बुंदेलखंड एक्सप्रेसवे, गंगा एक्सप्रेसवे और कानपुर एक्सप्रेसवे का उदाहरण देते हुए निर्माण की गुणवत्ता पर सवाल उठाए।
अखिलेश यादव ने सड़क और एक्सप्रेसवे के लगातार खराब होने पर सरकार की तकनीक और निर्माण प्रक्रिया पर सवाल खड़े किए। उन्होंने 'स्पेस टेक्नोलॉजी' का जिक्र करते हुए पूछा कि जब प्रदेश में सड़कें और एक्सप्रेसवे खराब हो रहे हैं तो सरकार की 'स्पेस टेक्नोलॉजी' कहां है। उन्होंने सड़कों के निर्माण में इस्तेमाल होने वाली तकनीक और डिजाइन को लेकर भी सवाल उठाए।
सपा अध्यक्ष ने कहा कि सत्ता में आने के बाद PWD के कार्यों का ऑडिट कराया जाएगा। उन्होंने कहा कि ऑडिट के जरिए यह पता लगाया जाएगा कि किस काम में किसने कितना पैसा कमाया। पाइपलाइन बिछाने के लिए सड़कों की बार-बार खुदाई और जल निकासी की व्यवस्था को लेकर भी उन्होंने सरकार की कार्यप्रणाली पर सवाल उठाए।
अखिलेश यादव ने लखनऊ स्थित जयप्रकाश नारायण इंटरनेशनल सेंटर यानी JPNIC को लेकर भी बीजेपी सरकार पर हमला बोला। उन्होंने आरोप लगाया कि बीजेपी ने JPNIC को बेच दिया और ठेकेदार को भुगतान कर दिया। उन्होंने दावा किया कि JPNIC का निर्माण करने वाले इंजीनियर को दिल्ली में रेलवे स्टेशन बनाने का करीब 3 हजार करोड़ रुपये का काम दिया गया।
सपा प्रमुख ने सवाल उठाया कि JPNIC जैसी परियोजना को बेचने की जरूरत आखिर क्यों पड़ी। उन्होंने छतर मंजिल, कन्नौज के मिल्क प्लांट समेत प्रदेश की अन्य संपत्तियों का भी उल्लेख किया। अखिलेश यादव ने आरोप लगाया कि सरकार सार्वजनिक संपत्तियों को बेचने का काम कर रही है।
प्रदेश की कानून-व्यवस्था के मुद्दे पर भी अखिलेश यादव ने योगी सरकार को घेरा। उन्होंने कहा कि पुलिस के कामकाज को लेकर जनता के बीच सवाल उठ रहे हैं। साथ ही उन्होंने आरोप लगाया कि पुलिस पर राजनीतिक दबाव है।
अखिलेश यादव ने हरियाणवी कलाकार अंकित बालियान हत्याकांड का भी जिक्र किया। उन्होंने कहा कि अंकित बालियान का पूरा परिवार न्याय की मांग कर रहा है। उन्होंने पुलिस की कार्रवाई पर सवाल उठाते हुए कहा कि सरकार को पीड़ित परिवारों को न्याय दिलाना चाहिए।
दिग्विजय भाटी के मामले का उल्लेख करते हुए अखिलेश यादव ने कहा कि अगर उनके साथ गलत हुआ है तो संबंधित IPS अधिकारी के खिलाफ FIR होनी चाहिए। उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि PDA से जुड़े लोगों के साथ भेदभाव किया जा रहा है।
अखिलेश यादव ने गोमती नदी की सफाई और अकबर नगर के विस्थापन का मुद्दा भी उठाया। उन्होंने कहा कि उन्होंने अखबार में गोमती नदी की सफाई से जुड़ी खबर पढ़ी है, लेकिन सरकार को पहले यह स्पष्ट करना चाहिए कि नदी और उसके आसपास के विकास के लिए उसकी क्या योजना है।
अकबर नगर का जिक्र करते हुए सपा अध्यक्ष ने कहा कि सरकार ने लोगों को वहां से हटाया और कई वादे किए थे। उन्होंने सवाल किया कि उन वादों का क्या हुआ और सरकार को इसका जवाब देना चाहिए।
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