होम CJP Protest पर Supreme Court सख्त, 14 साल की लड़की को धमकी और पथराव मामले में CJI ने मांगी Report

समाचारदेश Alert Star Digital Team Sep 10, 2026 03:45 PM

CJP Protest पर Supreme Court सख्त, 14 साल की लड़की को धमकी और पथराव मामले में CJI ने मांगी Report

जंतर-मंतर पर हुए कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) और छात्र प्रदर्शन से जुड़े एक मामले में सुप्रीम कोर्ट ने 14 साल की लड़की को कथित तौर पर धमकाने और उसके घर पर पथराव किए जाने के आरोपों को गंभीरता से लिया है।

CJP Protest पर Supreme Court सख्त, 14 साल की लड़की को धमकी और पथराव मामले में CJI ने मांगी Report

जंतर-मंतर पर हुए कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) और छात्र प्रदर्शन से जुड़े एक मामले में सुप्रीम कोर्ट ने 14 साल की लड़की को कथित तौर पर धमकाने और उसके घर पर पथराव किए जाने के आरोपों को गंभीरता से लिया है। चीफ जस्टिस सूर्य कांत की अध्यक्षता वाली बेंच ने इस मामले में उत्तर प्रदेश और दिल्ली पुलिस से स्टेटस रिपोर्ट तलब की है।

छात्र प्रदर्शन से संबंधित सुनवाई के दौरान एक वकील ने अदालत के सामने इस मुद्दे को उठाया। वकील के मुताबिक, हाल ही में एक व्यक्ति ने कुछ वीडियो में दावा किया था कि उसने CJP के प्रदर्शन के दौरान लड़की के पिता पर हमला किया था। एफआईआर दर्ज होने के बाद उस व्यक्ति की गिरफ्तारी हो चुकी है, लेकिन आरोप है कि इसके बाद अब लड़की को धमकियां मिल रही हैं।

स्वतंत्र भारद्वाज के दावे से शुरू हुआ विवाद

स्वतंत्र भारद्वाज नाम के व्यक्ति ने एक पॉडकास्ट में कथित तौर पर यह दावा किया था कि उसने CJP की कार्यकर्ता के पिता की पिटाई की थी। आरोप है कि उस समय पुलिस की ओर से कोई कार्रवाई नहीं की गई। हालांकि, CJP के प्रदर्शन के बाद दिल्ली पुलिस ने उसे गिरफ्तार कर लिया था और फिलहाल वह न्यायिक हिरासत में है।

वकील ने अदालत को बताया कि लड़की के घर पर पथराव किए जाने से जुड़े वीडियो भी उपलब्ध हैं। उन्होंने कहा कि यदि बच्ची को किसी प्रकार का नुकसान पहुंचता है, तो बाद में उसकी भरपाई करना संभव नहीं होगा। साथ ही आरोप लगाया गया कि पथराव करने वाले लोगों के खिलाफ कार्रवाई नहीं की जा रही है, जबकि बच्ची और उसके परिवार के खिलाफ एक एफआईआर दर्ज कर दी गई है।

वकील ने यह आरोप भी अदालत के सामने रखा कि जंतर-मंतर पर प्रदर्शन के दौरान हमला करने वाले कुछ लोगों को बाद में चार पुलिसकर्मियों के साथ देखा गया था। उनके मुताबिक, इस संबंध में वीडियो के रूप में सबूत भी मौजूद हैं।

CJI ने बच्ची की सुरक्षा को बताया गंभीर मामला

मामले में लगाए गए आरोपों पर सुनवाई करते हुए चीफ जस्टिस ने बच्ची की सुरक्षा को लेकर सख्त रुख अपनाया। चीफ जस्टिस ने कहा, "अगर असामाजिक तत्वों ने बच्ची के खिलाफ हिंसा की है और वह अभी भी आज़ाद हैं, उसे डराने-धमकाने की कोशिश कर रहे हैं, तो यह गंभीर मामला है."

सॉलिसिटर जनरल तुषार मेहता ने अदालत को बताया कि उन्हें सोशल मीडिया पर लड़की की ओर से किए गए पोस्ट के जरिए इस मामले की जानकारी मिली है। इसके बाद सुप्रीम कोर्ट ने कहा कि बच्ची की ओर से दर्ज एफआईआर में कार्रवाई की जानी चाहिए और उसकी तथा उसके परिवार की सुरक्षा सुनिश्चित की जानी चाहिए।

सुप्रीम कोर्ट ने इस पूरे मामले पर उत्तर प्रदेश और दिल्ली पुलिस से रिपोर्ट मांगी है। अब पुलिस की स्टेटस रिपोर्ट से यह स्पष्ट होगा कि बच्ची और उसके परिवार की सुरक्षा को लेकर क्या कदम उठाए गए हैं और पथराव व धमकी के आरोपों पर जांच किस स्थिति में है।

Alert Star Digital Team

Alert Star Digital Team

एलर्ट स्टार नाम की पत्रिका और फिर समाचार-पत्र का जन्म हुआ। हमारा प्रयास कि हम निष्पक्ष और निडर पत्रकारिता का वह स्वरूप अपने पाठकों के समक्ष प्रस्तुत करे। जो लोगो के मन मस्तिष्क में एक भरोसे के रूप में काबिज हो।

Read More Articles

Leave A comment

महत्वपूर्ण सूचना -

भारत सरकार की नई आईटी पॉलिसी के तहत किसी भी विषय/ व्यक्ति विशेष, समुदाय, धर्म तथा देश के विरुद्ध आपत्तिजनक टिप्पणी दंडनीय अपराध है। इस प्रकार की टिप्पणी पर कानूनी कार्रवाई (सजा या अर्थदंड अथवा दोनों) का प्रावधान है। अत: इस फोरम में भेजे गए किसी भी टिप्पणी की जिम्मेदारी पूर्णत: लेखक की होगी।

Recent Updates

Most Popular

(Last 14 days)