होम युवाओं को रोजगार के अधिक से अधिक अवसर उपलब्ध कराने को सरकार कृतसंकल्पित: मुख्यमंत्री
युवाओं को रोजगार के अधिक से अधिक अवसर उपलब्ध कराने को सरकार कृतसंकल्पित: मुख्यमंत्री
लखनऊ। उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा है कि राज्य सरकार युवाओं को रोजगार के अधिक से अधिक अवसर उपलब्ध कराने के लिए कृतसंकल्पित है। उन्होंने कहा है कि कौशल विकास सम्बन्धी प्रशिक्षण कार्यक्रमों में प्राथमिकता उन सेक्टर्स को दी जाए, जिसमें रोजगार की सम्भावनाएं अधिक हों। इससे बड़ी संख्या में प्रदेश के प्रशिक्षित युवाओं को रोजगार के अवसर उपलब्ध हो सकेंगे।
यह जानकारी देते हुए राज्य सरकार के प्रवक्ता ने बताया कि उत्तर प्रदेश कौशल विकास मिशन द्वारा वर्ष 2020-21 में 7.93 लाख युवाओं को प्रशिक्षित करने का लक्ष्य रखा गया है। इसमें से 6 लाख युवा/शिल्पकार आर0पी0एल0 (रिकग्निशन ऑफ प्रायर लर्निंग) के अन्तर्गत प्रशिक्षित किये जायेंगे। पूर्ववर्ती किसी भी वर्ष की तुलना में इस वर्ष सर्वाधिक संख्या में युवाओं को प्रशिक्षित करने का लक्ष्य निर्धारित किया गया है। समस्त लक्ष्य प्रशिक्षण प्रदाताओं को आवंटित किये जा चुके हैं। कोविड-19 के दृष्टिगत लागू अनलॉक-4 व्यवस्था के क्रम में प्रशिक्षण कार्यक्रम 21 सितम्बर, 2020 से ही प्रारम्भ किये जा सके हैं।
दीन दयाल उपाध्याय ग्रामीण कौशल्य योजना के अन्तर्गत 1.43 लाख युवाओं को प्रशिक्षित करने का लक्ष्य निर्धारित किया गया है। प्रशिक्षण प्रदान करने के लिए 302 नवीन संस्थाओं को चयनित किया गया है। इस वर्ष 21 सितम्बर, 2020 से अब तक 52,258 युवाओं को कौशल प्रशिक्षण प्रदान किया जा चुका है तथा 19,413 युवा प्रशिक्षण प्राप्त कर रहे हैं। राज्य ग्रामीण आजीविका मिशन द्वारा संचालित योजना के अन्तर्गत गठित महिला स्वयं सहायता समूहों की 16,150 महिलाओं को भी आर0पी0एल0 के अन्तर्गत कौशल प्रशिक्षण प्रदान कर स्वरोजगार से जोड़ा गया है।
युवाओं को रोजगार दिलाने की दृष्टि से 414 रोजगार मेलों का आयोजन किया गया है तथा 50,000 से अधिक युवाओं को रोजगार दिलाया गया है। इसके अतिरिक्त 943 कैरियर काउन्सिलिंग शिविरों को भी आयोजित किया गया है जिसमें 52,000 से अधिक युवाओं द्वारा प्रतिभाग किया गया।
युवाओं के प्रशिक्षण के बढ़े हुए लक्ष्यों को देखते हुए नये प्रशिक्षण प्रदाताओं को अनुबन्धित करने के लिए प्रस्ताव आमंत्रित किये जा चुके हैं, जिनमें विशेषकर उन सेक्टर्स को प्राथमिकता दी गई है, जिनमें रोजगार की सम्भावनाएं अधिक हैं और प्रशिक्षण प्रदाताओं की संख्या कम है।
संकल्प योजना के अन्तर्गत प्रत्येक जनपद में जिला कौशल विकास योजना तैयार की जा रही है। इसके आधार पर जनपद में उपलब्ध रोजगार के अवसरों तथा उसके अनुरूप कौशल प्रशिक्षण कार्यक्रमों के व्यवसायों को चिन्हित करने में सहायता मिलेगी और प्रशिक्षण कार्यक्रम अधिक उपयोगी व लाभप्रद सिद्ध हो सकेंगे।
Leave A comment
महत्वपूर्ण सूचना -
भारत सरकार की नई आईटी पॉलिसी के तहत किसी भी विषय/ व्यक्ति विशेष, समुदाय, धर्म तथा देश के विरुद्ध आपत्तिजनक टिप्पणी दंडनीय अपराध है। इस प्रकार की टिप्पणी पर कानूनी कार्रवाई (सजा या अर्थदंड अथवा दोनों) का प्रावधान है। अत: इस फोरम में भेजे गए किसी भी टिप्पणी की जिम्मेदारी पूर्णत: लेखक की होगी।