होम करवाचौथ पर महिलाएं मांगेगी पति की दीर्घायु का वर,बाजारों में जमकर खरीदारी
करवाचौथ पर महिलाएं मांगेगी पति की दीर्घायु का वर,बाजारों में जमकर खरीदारी
स्त्री-पुरूष एक सिक्के के दो पहलू होते हैं। दोनों का जीवन एक-दूसरे के बिना अधूरा होता है। यही वजह है कि हर साल करवाचौथ के पावन व्रत पर महिलाएं अपने पति की दीर्घायु के लिए अखंड सौभाग्य देने वाले निर्जल व्रत को रखती हैं। इस दिन महिलाएं सोलह श्रृंगार कर पूरे विधि-विधान से मां गौरा और गणेश जी का पूजन करती है। सूर्य उदय से चंद्र उदय तक चलने वाले इस व्रत में शरीर के साथ ही आत्मा की शुद्धि को भी अनिवार्य माना गया है। चंद्रदेव के दर्शन व पूजन के बाद ही सुहागिन महिलाएं इस व्रत को पूर्ण कर जल ग्रहण करती हैं। आज यानि 4 नवंबर को महिलाएं सोलह श्रृंगार कर निर्जल व्रत रखकर अपने पति की लंबी आयु की कामना करेंगी।बता दें कि कार्तिक माह की कृष्ण पक्ष की चतुर्थी तिथि के दिन करवाचौथ का व्रत किया जाता है। इस साल करवाचौथ पर ऐसा शुभ संयोग बन रहा है। ज्योतिषियों के अनुसार करवाचौथ पर बुध के साथ सूर्य ग्रह भी विद्यमान होंगे और बुधादित्य योग बनाएंगे। इसके साथ ही शिवयोग, सर्वार्थ सिद्धि व महादीर्घायु योग भी बन रहा है जोकि बेहद शुभ है। इस व्रत को करने पर हजार व्रत का फल मिलेगा।तभी तो मंगलवार के दिन महिलाओं ने बाजार में जहां जमकर खरीदारी की, मेहंदी लगवाई, पूजा का सामान खरीदा, चूडियां, बिंदी, सहित ब्यूटी पॉर्लर में मसाज करवाया। पूरे दिन बाजार गुलजार नजर आए। वहीं अविवाहित लडकियां भी इस व्रत को रखती हैं ताकि भविष्य में उन्हें अच्छा जीवनसाथी मिल सके। धार्मिक मान्यताओं के अनुसार करवा चौथ के दिन मां पार्वती, भगवान शिव, कार्तिकेय और गणेश जी का पूजन किया जाता है। इस व्रत में मां पार्वती से महिलाएं पति के दीर्घायु होने का वरदान मांगती है और लोटे में जल भरकर कथा सुनती हैं।सरगी का होता है खास महत्व
करवाचौथ व्रत के दिन सरगी का खास महत्व होता है। जहां सरगी में सास अपनी बहुओं को ढेर सारे आशीर्वाद के रूप में श्रृंगार का सामान व मिष्ठान देती हैं। वहीं बहु अपनी सास से आशीष लेने के लिए उन्हें भी श्रृंगार का सामान व वस्त्रादि भेंट स्वरूप देती हैं। जिनकी नई-नई शादी होती है उन लडकियों के मायके से भी मां अपनी बेटियों के लिए सरगी भेजती है।
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