होम एक्सपर्ट बोले- गांवों का डिजिटाइजेशन करके उद्योग 4.0 की बुनियाद रखे भारत
एक्सपर्ट बोले- गांवों का डिजिटाइजेशन करके उद्योग 4.0 की बुनियाद रखे भारत
अंतरराष्ट्रीय भू-राजनीतिक एवं आर्थिक विशेषज्ञों का मानना है कि भारत को कोरोना वायरस 'कोविड-19' वैश्विक महामारी के कारण दुनिया भर में आ रहे राजनीतिक-आर्थिक बदलावों का लाभ उठा कर आम जनजीवन में तकनीक के प्रयोग और देश के ग्रामीण भाग में डिजिटल सेवाओं को बढ़ावा देकर चौथी पीढ़ी के औद्योगीकरण के प्रयास तेज करने चाहिए। गत सप्ताहांत ग्रेटर नोएडा के एक शैक्षणिक संस्थान द्वारा कोविड-19 के संकट को लेकर चुनौतियों और अवसरों पर एक वेबिनार का आयोजन किया जिसका शीर्षक 'कोविड-19 को हराने का उपाय-सकारात्मक अंतराष्ट्रीय सहयोग' था। इस आयोजन में मुख्य उद्बोधन बिज़नेस वीक पत्रिका की पूर्व भारतीय प्रमुख एवं वर्तमान में मुंबई स्थित गेटवे हाउस: भारतीय वैश्विक सम्बन्ध परिषद की कार्यकारी निदेशक मंजीत कृपलानी ने दिया।
कृपलानी ने कहा, ''हमें इस तरह के संकट से निपटने के लिए अभूतपूर्व सकारात्मकता की आवश्यकता है। 2020 ने नयी पीढ़ी के भारतीयों को एक नया भारत बनाने का अवसर दिया है जिसे निराशा को दूर रखते हुए सदुपयोग में लेने का प्रयास करना होगा।'' सुश्री कृपलानी ने कहा, ''कोविड-19 के वैश्विक संकट ने हमें आम जनजीवन में तकनीक का इस्तेमाल और ग्रामीण भारत में डिजीटलीकरण को बढ़ा कर भारत में चौथी पीढ़ी के औद्योगीकरण यानी उद्योग 4.0 की बुनियाद तैयार करने का अवसर दिया है। यह समय भारत के लिए बड़ी छलांग लगाने और विश्व की भू-राजनीति में हो रहे बड़े बदलावों का लाभ उठाने का है। भारत को अपने आकार का फायदा उठा कर चीन एवं अमेरिका सहित समूची वैश्विक आपूर्ति श्रृंखला पर देश की निर्भरता को कम करने का प्रयास करना चाहिए।''
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