होम केंद्र के कृषि कानूनों के खिलाफ अगले महीने से एक बार फिर जोर पकड़ेगा किसान आंदोलन
केंद्र के कृषि कानूनों के खिलाफ अगले महीने से एक बार फिर जोर पकड़ेगा किसान आंदोलन
केंद्र के कृषि कानूनों के खिलाफ किसानों का आंदोलन आने वाले दिनों में और तेज होगा. मंगलवार को दिल्ली के रकाबगंज गुरुद्वारे में हुई ऑल इंडिया किसान संघर्ष को-ऑर्डिनेशन कमेटी की बैठक में फैसला किया गया कि संसद द्वारा पारित कृषि कानूनों के खिलाफ 5 नवंबर को देशभर में किसान दिन में 12 बजे से लेकर शाम 4 बजे तक चक्का जाम करेंगे. इसके बाद 26 और 27 नवंबर को देशभर के किसान दिल्ली चलो अभियान के तहत राजधानी दिल्ली में इस कानून के विरोध करने के लिये एक जुट होंगे.
राष्ट्रीय किसान मजदूर संगठन की तरफ से दी गई जानकारी के मुताबिक किसानों का यह विरोध प्रदर्शन केंद्र सरकार द्वारा लाए गए किसी कानून के खिलाफ है और अब इस विरोध प्रदर्शन को आगे बढ़ाते हुए
5 नवम्बर को अखिल भारतीय रोड ब्लाक का आयोजन किया जाएगा. वहीं 26-27 नवम्बर 2020 को 'दिल्ली चलो' के नारे के तहत देश के अलग-अलग राज्यों से किसान दिल्ली की ओर कूच करेंगे. किसान मजदूर संगठन के मुताबिक अखिल भारतीय स्तर पर यह आंदोलन सरकारी कार्यालयों के साथ साथ, केन्द्र सरकार समेत और भाजपा समेत उसके सहयोगी दलों के विरूद्ध भी किया जाएगा.
किसान संगठन के मुताबिक दिल्ली चलो का यह कार्यक्रम एक महीने बाद इस वजह से रखा गया क्योंकि इस बीच किसानों के पास 1 महीने का वक्त होगा कि वो लोग खरीफ फसल की कटाई और रबी की बुआई कर सकें.
Leave A comment
महत्वपूर्ण सूचना -
भारत सरकार की नई आईटी पॉलिसी के तहत किसी भी विषय/ व्यक्ति विशेष, समुदाय, धर्म तथा देश के विरुद्ध आपत्तिजनक टिप्पणी दंडनीय अपराध है। इस प्रकार की टिप्पणी पर कानूनी कार्रवाई (सजा या अर्थदंड अथवा दोनों) का प्रावधान है। अत: इस फोरम में भेजे गए किसी भी टिप्पणी की जिम्मेदारी पूर्णत: लेखक की होगी।