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समाचारविदेश Alert Star Digital Team Oct 23, 2020 08:31 PM

पटाखा बिक्री पर रोक को लेकर सरकार को हाईकोर्ट का नोटिस, 6 नवंबर तक मांगा जवाब

पटाखा बिक्री पर रोक को लेकर सरकार को हाईकोर्ट का नोटिस, 6 नवंबर तक मांगा जवाब

पटाखा बिक्री पर रोक को लेकर सरकार को हाईकोर्ट का नोटिस, 6 नवंबर तक मांगा जवाब

कोरोना मरीजों को पटाखो के प्रदूषण से खतरा होने की संभावना के चलते राज्य में पटाखा बिक्री और जलाने पर रोक लगाने को लेकर राजस्थान हाईकोर्ट में जनहित याचिकाए दायर की गई है.राजस्थान हाईकोर्ट ने इन याचिकाओं पर सुनवाई करते हुए राज्य के मुख्य सचिव, सचिव प्रदूषण नियंत्रण मंडल, प्रमुख सचिव चिकित्सा और डीजीपी को नोटिस जारी कर 6 नवंबर तक जवाब मांगा है.मुख्य न्यायाधीश इन्द्रजीत महांति और जस्टिस सतीश शर्मा की खण्डपीठ ने श्वेता पारीक और राजेन्द्र शर्मा की ओर से दायर याचिकाओं पर सुनवाई करते हुए से आदेश दिये है.

कोरोना का लगातार बढ़ रहा है खतरा:
याचिकाकर्ताओं की ओर से अदालत को बताया गया कि प्रदेश में कोरोना का खतरा लगातार बढ़ रहा है. इसी के साथ अब प्रदूषण का स्तर भी बढ़ने लगा है. ऐसे में दीपावली पर आतिशबाजी करने पर प्रदूषण स्तर में कई गुणा बढ़ोतरी हो सकती है, जिसके चलते कोरोना मरीजों को गंभीर नुकसान हो सकता है.सवाई मानसिंह चिकित्सालय के डॉक्टर्स भी इस संबंध में राज्य सरकार को पत्र लिख चुके हैं. जिसमें कोरोना मरीजों के लिए पटाखों से होने वाले प्रदूषण को खतरनाक बताया है.

हाईकोर्ट को पटाखा बिक्री पर लगानी चाहिए रोक:
राज्य मानवाधिकार आयोग भी इस पर प्रसंज्ञान ले चुका है और पटाखा बिक्री पर बैन लगाने के प्रति सहमति जाहिर करते हुए सरकार से रिपोर्ट मांगी है. हाईकोर्ट को पटाखा बिक्री पर रोक लगानी चाहिए ताकि कोरोना मरीजों के साथ ही हाई बीपी, शुगर और हार्ट, दमा मरीजों का जीवन सुरक्षित रह सके. इस पर मुख्य न्यायाधीश इंद्रजीत माहान्ति और न्यायाधीश सतीश कुमार शर्मा ने मुख्य सचिव, सचिव प्रदूषण नियंत्रण मंडल, चिकित्सा विभाग के सचिव और पुलिस महानिदेशक को नोटिस जारी कर 6 नवंबर तक जवाब मांगा है.

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