होम पीछे नहीं हटेंगे कदम, हमास के खात्मे तक जारी रहेगी जंग; इस्लामिक देशों को नेतन्याहू की दो टूक
पीछे नहीं हटेंगे कदम, हमास के खात्मे तक जारी रहेगी जंग; इस्लामिक देशों को नेतन्याहू की दो टूक
हमास और इजरायल की जंग अभी तक के सबसे बुरे दौर से गुजर रही है। गाजा पट्टी में इजरायल की बमबारी से इस्लामिक देश काफी नाराज हैं। उन्होंने आरोप लगाया है कि गाजा में इजरायली बम मासूम फिलिस्तीनियों की जान ले रहे हैं।
उधर इजरायल के प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू ने स्पष्ट किया कि इजरायल हमास के आतंकवादियों को निशाना बनाने की अपनी कार्रवाई जारी रखेगा। इजरायल ने यह साफ कर दिया है कि जबतक हमास का खात्मा नहीं हो जाता वह यह अपने कदम पीछे नहीं हटाएगा। अपने इस बयान के जरिए नेतन्याहू ने इस्लामिक देशों के सामने अपना रुख साफ कर दिया है।
मंगलवार रात गाजा सिटी के अस्पताल में हुए विस्फोट में सैकड़ों फिलिस्तीनी मारे गए। हमास का दावा है कि अस्पताल पर एयर स्ट्राइक इजरायली सेना द्वारा किया गया था। इजरायली सेना ने भी यह दिखाने के लिए वीडियो और अन्य सबूत जारी किए कि अस्पताल को जो नुकसान हुआ, वह गाजा में सक्रिय कट्टरपंथी आतंकवादी समूह इस्लामिक जिहाद के एक रॉकेट की वजह से हुआ है। हालांकि, इस्लामिक जिहाद ने इस दावे को खारिज किया है।
आक्रोश में इस्लामिक देश
इस घटना के बाद से इस्लामिक देशों में आक्रोश है। इस्लामिक देशों ने भी इस हमले के लिए इजरायल को जिम्मेदार माना है। गाजा के एक अस्पताल में हुए विस्फोट में सैकड़ों लोगों के मारे जाने की खबर के कुछ ही घंटों के भीतर, प्रदर्शनकारियों ने वेस्ट बैंक में फिलिस्तीनी सुरक्षा बलों और पड़ोसी देश जॉर्डन में पुलिस पर पथराव किया। जॉर्डन के विदेश मंत्रालय ने कहा कि उनके देश ने अम्मान में बुधवार को होने वाले क्षेत्रीय शिखर सम्मेलन को रद्द कर दिया है, जिसमें अमेरिकी राष्ट्रपति जो बाइडन, जॉर्डन के शाह अब्दुल्ला द्वितीय, फलस्तीन के राष्ट्रपति महमूद अब्बास और मिस्र के राष्ट्रपति अब्देल फतह अल-सीसी से मुलाकात करने वाले थे। अब्दुल्ला ने चेताया कि खतरनाक चरण में पहुंच चुका यह युद्ध इस क्षेत्र को बहुत नुकसान पहुंचायेगा।
इस्लामिक देशों को नेतन्याहू की दोटूक
गाजा पर कथित इजरायली हमलों की निंदा करने के लिए बुधवार को हजारों छात्रों ने मिस्र के विश्वविद्यालयों में रैली निकाली। लेबनान में भी विरोध प्रदर्शन शुरू हो गए। बुधवार को बेरूत में अमेरिकी दूतावास के पास सैकड़ों प्रदर्शनकारियों की लेबनानी सुरक्षा बलों के साथ झड़प हो गई जहां पुलिस ने प्रदर्शनकारियों को तितर-बितर करने के लिए आंसू गैस के गोले छोड़े और पानी की बौछार की। कई इस्लामिक देशों के राष्ट्राध्यक्षों ने खुले तौर पर धमकी दे डाली है कि अगर इजरायल अपने हमले बंद नहीं करता तो इसका अंजाम बुरा होगा। ऐसे में इजरायली प्रधानमंत्री के हालिया बयान को इस्लामिक देशों के लिए एक जवाब के तौर पर देखा जा रहा है।
Leave A comment
महत्वपूर्ण सूचना -
भारत सरकार की नई आईटी पॉलिसी के तहत किसी भी विषय/ व्यक्ति विशेष, समुदाय, धर्म तथा देश के विरुद्ध आपत्तिजनक टिप्पणी दंडनीय अपराध है। इस प्रकार की टिप्पणी पर कानूनी कार्रवाई (सजा या अर्थदंड अथवा दोनों) का प्रावधान है। अत: इस फोरम में भेजे गए किसी भी टिप्पणी की जिम्मेदारी पूर्णत: लेखक की होगी।