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गणतंत्र दिवस पर सुरक्षा प्रोटोकॉल तोड़ लोगों के बीच पहुंचे पीएम मोदी
ई दिल्ली। देश के 71वें गणतंत्र दिवस समारोह के दौरान राजपथ पर रविवार को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने एक बार फिर सुरक्षा प्रोटोकॉल को तोड़ भीड़ का अभिवादन किया है। इंडिया गेट स्थित अमर जवान ज्योति के बजाय नवनिर्मित राष्ट्रीय युद्ध स्मारक जाकर शहीदों को श्रद्धांजलि देने की नई परंपरा भी कायम की है।
गणतंत्र दिवस और स्वतंत्रता दिवस समारोहों में रंगीन पगड़ी पहनने की अपनी परंपरा को कायम रखते हुए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी आज के कार्यक्रम में भी भगवा साफा बांधे नजर आये। समारोह की समाप्ति के बाद मुख्य अतिथि के रूप में राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद और ब्राजील के राष्ट्रपति जेयर मेसियस बोलसोनारो ने स्थान छोड़ दिया, लेकिन मोदी दर्शक दीघा में मौजूद लोगों का अभिवादन करने के लिए उनके बीच पहुंच गये।
पथ के दोनों और मौजूद भीड़ ने जब प्रधानमंत्री को राजपथ पर पैदल चलते हुए हाथ हिलाकर अभिवादन करते देखा तो मोदी-मोदी के नारे गूंजने लगे। इस दौरान लोगों ने अपने मोबाइल फोन निकाल लिए और वह प्रधानमंत्री की तस्वीरें खींचने लगे। वहीं प्रधानमंत्री की सुरक्षा में तैनात जवान इस दौरान अधिक सतर्क दिखाई दिए।
मोदी ने इंडिया गेट के नीचे अमर जवान ज्योति के बजाय पहली बार गणतंत्र दिवस पर नवनिर्मित राष्ट्र युद्ध स्मारक में गिर सैनिकों को श्रद्धांजलि दी
इससे पहले प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने इस गणतंत्र दिवस 48 साल पुरानी परंपरा तोड़ते हुए नई परंपरा का आगाज कर दिया। उन्होंने युद्धवीरों की शहादत को सलाम करने इंडिया गेट स्थित अमर जवान ज्योति के बजाय नवनिर्मित राष्ट्रीय युद्ध स्मारक जाकर शहीदों को श्रद्धांजलि दी। उल्लेखनीय है कि देश को गत वर्ष 25 फरवरी को 44 एकड़ में फैला यह युद्ध स्मारक समर्पित किया था। उल्लेखनीय है कि स्वतंत्रता दिवस और गणतंत्र दिवस समारोह के बाद प्रधानमंत्री मोदी अक्सर बच्चों व जनता का अभिवादन करने के लिए उनके बीच चले जाते हैं।
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